कर्मचारियों का इंक्रीमेंट और डीए रोकना पड़ सकता है शिवराज सरकार को भारी / Madhya_Pradesh

कर्मचारियों का इंक्रीमेंट और डीए रोकना पड़ सकता है शिवराज सरकार को भारी

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भोपाल। मध्य प्रदेश में कर्मचारी संगठन शिवराज सरकार से नाराज हैं। कोरोना महामारी को आपदा बता कर आपदा प्रबंधन के नाम पर कर्मचारियों का इंक्रीमेंट और डीए सरकार ने रोक दिया हंै। अब इसको लेकर कर्मचारी संगठनों का एक समूह न्यायालय की शरण में जाने की तैयारी में हैं। इस संगठन ने शिवराज सरकार को 1 अप्रैल 2021 तक का समय दिया हंै। 

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           जागरूक अधिकारी कर्मचारी संयुक्त समन्वय कल्याण समिति को 12 अन्य कर्मचारी संगठनों का सर्मथन प्राप्त है। समिति के अध्यक्ष उदित भदौरिया ने लॉयन न्यूज़ को बताया कि मध्य प्रदेश सरकार ने आपदा प्रबंधन के नाम पर कर्मचारियों का इंक्रीमेंट और डीए सरकार ने रोक दिया हंै। उदित भदौरिया बताते हैं कि सेवा नियम और आपदा नियम के अनुसार किसी भी प्रकार की आपदा आने पर देश व प्रदेश में हर प्रकार का फड़ रोका जा सकता है। सिर्फ कर्मचारी का डीए और इंक्रीमेंट नहीं रोके जा सकतें। शिवराज सरकार ने ऐसा किया है।

      शनिवार को समिति ने देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह सहित प्रदेश के वित्तमंत्री जगदीश देवड़ा को प्रचलित व्यवस्थाओं से नोटिस भेज कर 1 अप्रेल तक इस मसले को सुलझाने का समय दिया है। समिति के अध्यक्ष उदित भदौरिया ने यह साफ कर दिया है यदि सरकार ऐसा नहीं करती हैं तो समिति न्याय की शरण में जाने को तैयार है। देखना होगा कि किसानों के विरोध के बाद कर्मचारियों विरोध देश और प्रदेश में नई दिक्कते सरकारों के लिये न खड़ी कर दें। 

/ Madhya_Pradesh      Mar 28 ,2021 14:40