19वीं सदी के छात्रों ने 21वीं सदी में दी 11वीं की परीक्षा, लापरवाही Bhopal / Madhya_Pradesh

19वीं सदी के छात्रों ने 21वीं सदी में दी 11वीं की परीक्षा, लापरवाही

सुरेश नामदेव / सचिन खरे 
 
दमोह - जी हां हम बात कर रहे हैं मध्य प्रदेश के दमोह जिले की जहां पर शासकीय उत्कृष्ट हाई स्कूल में शिक्षकों की बहुत बड़ी लापरवाही सामने आई है जिसके कारण कक्षा ग्यारहवीं के छात्रों में भारी रोष व्याप्त है एवं अपनी मार्कशीट को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
          इस स्कूल में कक्षा 11 वीं में अध्ययनरत कई छात्रों की अंकसूचियों पर उनकी वास्तविक जन्मतिथि  के बजाय 1/0/1900 प्रिंट कर दिया गया है। और गंभीर लापरवाही किसी एक मार्कसीट में नहीं बल्कि कई मार्कसीटों में देखने को मिल रही है। एक छात्र ने अपना नाम न बताने की शर्त पर  बताया कि ऐसी कई दर्जनों मार्कशीटें हैं जिनमें शिक्षा विभाग द्वारा यह बड़ी लापरवाही की गई है। 

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           कक्षा 11वीं के छात्र आकाश ने बताया कि उनकी उम्र अभी 16 - 17 वर्ष होगी लेकिन विभाग ने उनको एक सदी पुराना अंकसूची में दर्शाया है कई छात्रों में अपनी अंकसूचियों में जन्मतिथि गडबड होने को लेकर भ्रांतियां पैदा हो रही हैं कि उनकी अंकसूची में सुधार कराया जाता है या नहीं। इस मामले को लेकर गुस्साए छात्रों की भीड़ बड़ी मात्रा में उत्कृष्ट हाई स्कूल में देखने को मिली छात्रों में अपनी साल भर की मेहनत के सर्टिफिकेट में गड़बड़ी को लेकर उन में काफी रोष व्याप्त रहा।

 
इनका कहना है 
 
इस बार अंकसूचियां कंप्यूटर से बने हैं और कंप्यूटर में मिस्टेक हो सकती है जो भी गलतियां अंकसूची में हो गई हैं उनका सुधार किया जाएगा।
 
उन्नीसवीं सदी के छात्रों ने इक्कीसवीं सदी में दी ग्यारहवीं की परीक्षा
 
शिक्षा विभाग की बहुत बड़ी लापरवाही
 
            सुरेश नामदेव सचिन खरे 
 
दमोह - जी हां हम बात कर रहे हैं मध्य प्रदेश के दमोह जिले की जहां पर शासकीय उत्कृष्ट हाई स्कूल में शिक्षकों की बहुत बड़ी लापरवाही सामने आई है जिसके कारण कक्षा ग्यारहवीं के छात्रों में भारी रोष व्याप्त है एवं अपनी मार्कशीट को लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
इस स्कूल में कक्षा 11 वीं में अध्ययनरत कई छात्रों की अंकसूचियों पर उनकी वास्तविक जन्मतिथि  के बजाय 1/0/1900 प्रिंट कर दिया गया है। और गंभीर लापरवाही किसी एक मार्कसीट में नहीं बल्कि कई मार्कसीटों में देखने को मिल रही है। एक छात्र ने अपना नाम न बताने की शर्त पर  बताया कि ऐसी कई दर्जनों मार्कशीटें हैं जिनमें शिक्षा विभाग द्वारा यह बड़ी लापरवाही की गई है। 
कक्षा 11वीं के छात्र आकाश ने बताया कि उनकी उम्र अभी 16 - 17 वर्ष होगी लेकिन विभाग ने उनको एक सदी पुराना अंकसूची में दर्शाया है कई छात्रों में अपनी अंकसूचियों में जन्मतिथि गडबड होने को लेकर भ्रांतियां पैदा हो रही हैं कि उनकी अंकसूची में सुधार कराया जाता है या नहीं। इस मामले को लेकर गुस्साए छात्रों की भीड़ बड़ी मात्रा में उत्कृष्ट हाई स्कूल में देखने को मिली छात्रों में अपनी साल भर की मेहनत के सर्टिफिकेट में गड़बड़ी को लेकर उन में काफी रोष व्याप्त रहा।
 
इनका कहना है 
इस बार अंकसूचियां कंप्यूटर से बने हैं और कंप्यूटर में मिस्टेक हो सकती है जो भी गलतियां अंकसूची में हो गई हैं उनका सुधार किया जाएगा।
पी. पी सिंह जिला शिक्षा अधिकारी  दमोह
 
नई व्यवस्था में कंप्यूटर से जो कार्य हो रहे हैं उनमें भारी दिक्कतें सामने आ रही हैं हो सकता है ऑपरेटर से गलती हो गई होगी यदि ऐसा है तो सुधार किया जाएगा।
एच एन हसन  प्रभारी बीईओ पथरिया
 
नई व्यवस्था में कंप्यूटर से जो कार्य हो रहे हैं उनमें भारी दिक्कतें सामने आ रही हैं हो सकता है ऑपरेटर से गलती हो गई होगी यदि ऐसा है तो सुधार किया जाएगा।
एच एन हसन  प्रभारी बीईओ पथरिया
Bhopal / Madhya_Pradesh      Jul 02 ,2018 05:01