संविदा मॉनव संसाधन नीति 2013-2014 का सीधी मे उलंघन सीधी / Madhya_Pradesh

संविदा मॉनव संसाधन नीति 2013-2014 का सीधी मे उलंघन

ब्यूरो अमित कुमार गौतम "स्वतंत्र" @सीधी! मध्यप्रदेश जिला सीधी में जब कि संविदा मानव संसाधन नीति वर्ष 2013-14 के 19.4 अनुबंध उपरान्त नियुक्त संविदा कर्मचारी द्वारा कदाचार या किसी अपराधिक क्रियाकलाप में लिप्त होने पर नियुक्तिकर्ता प्राधिकारी द्वारा उक्त कर्मचारी की संविदा नियुक्ति बिना पूर्व सूचना के समाप्त की जा सकती हैं। लेकिन दुर्भाग्य पूर्ण है सीधी जिले मेें ऐसे कई भ्रष्ट अधिकारी बैठे हुए है, आँख में पट्टी बांधकर कि न तो इन साहवान को कुछ सुनाई देता और न ही कुछ दिखाई दे रहा है । मानव संसाधन नीति की जिला चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी व्ही.बी. सिंह बघेल उड़ा रहें है , खुलेआम धज्जियाँ उड़ा रहें हैं।मामला यह है कि शुलभ मिश्रा ने 2017 -18 में नई एफीडेबिट विभाग को दिया था जिसमें आपराधिक मामला छुपाया गया। जब इसकी शिकायत जिला कलेक्टर सीधी से की गई एवं क्षेत्रिय संचालक स्वास्थ्य सेवाये रीवा से की गई तब यह मामला फिर एक बार सामने आया कि झूठा हलफनामा देकर शासन को गुमराह किया जा रहा हैं। स्वास्थ्य विभाग में ऐसे कई कर्मचारी कार्यरत हैं एवं सीधी जिले में भ्रष्ट अधिकारी चाहे कोई भी मामला गंभीर से गंभीर हो सुनने और देखने को किसी तरह से तैयार नहीं हैं। आलम यह हो चुका है, कि सीधी जिले के अफसर साहवानों के पेट इतने लम्बे और चौडे हो गये है, कि इनको पैसे केे आगे कुछ भी नहीं दिखता है। जब यह मामला जिला कलेक्टर सीधी के पास शिकायत की गई तो उनका भी रबईया संदेहास्पद रहा। देखना यह होगा कि शुलभ मिश्रा को फार्मासिस्ट पद से कब हटाया जायेगा एवं गलत जानकारी देने से शासन के लाखों रुपये का शासन को चूना लगाया है, तो शासन की राशि की बसूली कब होगी।
सीधी / Madhya_Pradesh      May 24 ,2018 09:18